आज दिनांक 02.08.2025 को स्वास्थ्य महानिदेशक महोदया द्वारा समस्त जनपदों के मुख्य चिकित्सा अधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक, मेडिकल कॉलेजों के प्राचार्य एवं निदेशक, चिकित्सा शिक्षा के साथ एक वर्चुअल बैठक आयोजित की गई।
बैठक में महानिदेशक महोदया द्वारा समस्त अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि चिकित्सालयों में कार्यरत चिकित्सकों एवं समस्त स्टाफ द्वारा मरीजों के प्रति सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि किसी भी मरीज को पूर्ण मूल्यांकन (complete assessment) के उपरांत, यदि अति आवश्यक हो तभी मुख्य चिकित्सा अधीक्षक से सत्यापन प्राप्त कर रैफर किया जाए। साथ ही प्रत्येक चिकित्सालय में एक सीनियर चिकित्सक को “रैफरल नोडल अधिकारी” नामित किया जाए, जो मरीजों के तीमारदारों के साथ समन्वय स्थापित करने और जिस स्थान पर मरीज रैफर किया जा रहा है, वहां समन्वय बनाए रखने हेतु उत्तरदायी होगा।
महानिदेशक ने बताया कि रैफर प्रक्रिया से संबंधित एसओपी (SOP) शीघ्र ही सभी जनपदों को उपलब्ध कराई जाएगी।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि अनियमित या अनावश्यक रैफरिंग की शिकायत प्राप्त होती है तो संबंधित मुख्य चिकित्सा अधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक एवं प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक की जवाबदेही तय करते हुए अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाएगी।
बैठक में महानिदेशालय के समस्त वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।




